केंद्रीय बजट 2026‑27: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने पेश किया ‘विकसित भारत’ का बजट
नई दिल्ली, 1 फरवरी 2026:
आज संसद में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने केंद्रीय बजट 2026‑27 पेश किया। यह सरकार का 15वां और सीतारमण का नौवां लगातार बजट है। इस बजट का मुख्य उद्देश्य आर्थिक विकास, रोजगार सृजन, सामाजिक समावेशन और आत्मनिर्भर भारत को बढ़ावा देना है।
मुख्य घोषणाएँ
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इंफ्रास्ट्रक्चर और हाई‑स्पीड रेल: सरकार ने 7 नए हाई‑स्पीड रेल कॉरिडोर और बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की घोषणा की, जिससे कनेक्टिविटी और निवेश को बढ़ावा मिलेगा।
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MSME और स्टार्टअप्स: बजट में मध्यम एवं लघु उद्योगों के लिए 10,000 करोड़ रुपये का समर्पित ग्रोथ फंड प्रस्तावित किया गया है।
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कृषि और ग्रामीण क्षेत्र: किसानों के लिए नई तकनीक, समर्थन मूल्य और ग्रामीण रोजगार योजनाओं में निवेश बढ़ाया गया।
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स्वास्थ्य और शिक्षा: आयुष, आयुर्वेद और मेडिकल टूरिज्म को बढ़ावा देने के साथ स्वास्थ्य एवं शिक्षा क्षेत्रों में निवेश बढ़ाने की योजना।
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टैक्स और व्यापार सुधार: कस्टम ड्यूटी और टैक्स ढांचे में बदलाव, जिससे निर्यात को बढ़ावा और घरेलू व्यापार को सरल बनाया जा सके।
विश्लेषण और प्रतिक्रिया
विश्लेषकों का कहना है कि यह बजट विकास और वित्तीय अनुशासन का संतुलन बनाने का प्रयास है।
सत्तापक्ष इसे भविष्य उन्मुख और समावेशी बजट मान रहा है, जबकि विपक्ष ने आम जनता को मिलने वाली राहत सीमित होने की बात कही है।
निष्कर्ष
बजट 2026‑27 ने भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूती देने, रोजगार के अवसर बढ़ाने और दीर्घकालिक निवेश योजनाओं को प्राथमिकता देने का संकेत दिया है। इसका उद्देश्य देश को आत्मनिर्भर, विकसित और वैश्विक प्रतिस्पर्धा में मजबूत बनाना है।










