अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान युद्ध को लेकर पूछे गए सवाल पर एक पत्रकार पर तीखी प्रतिक्रिया दी। एयर फ़ोर्स वन में मीडिया से बातचीत के दौरान ट्रम्प ने कुछ अमेरिकी मीडिया संस्थानों की रिपोर्टिंग को “virtual treason” यानी “देशद्रोह जैसी” बताया।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, पत्रकार ने ट्रम्प से पूछा था कि लंबे सैन्य अभियान के बावजूद ईरान में अमेरिका अपने सभी रणनीतिक लक्ष्य क्यों हासिल नहीं कर पाया। इस पर ट्रम्प ने जवाब देते हुए दावा किया कि अमेरिका को “पूर्ण सैन्य जीत” मिली है और मीडिया जानबूझकर गलत तस्वीर पेश कर रहा है
उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ मीडिया संस्थान ईरान को “झूठी उम्मीद” दे रहे हैं और अमेरिकी हितों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। ट्रम्प ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म Truth Social पर लिखा कि जब “फेक न्यूज़” ईरान को मजबूत दिखाती है, तो वह “virtual TREASON” के बराबर है।
प्रेस की स्वतंत्रता पर बढ़ी बहस
ट्रम्प के बयान के बाद अमेरिका में प्रेस की स्वतंत्रता और मीडिया की भूमिका को लेकर नई बहस शुरू हो गई है। कई मीडिया संगठनों और विपक्षी नेताओं ने राष्ट्रपति की भाषा की आलोचना की है। वहीं ट्रम्प समर्थकों ने इसे “फेक न्यूज़” के खिलाफ सख्त प्रतिक्रिया बताया।
न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट बनी वजह
बताया जा रहा है कि The New York Times के पत्रकार David Sanger की एक रिपोर्ट से ट्रम्प नाराज़ थे। रिपोर्ट में कहा गया था कि ईरान का परमाणु ढांचा और कुछ सैन्य क्षमताएँ अभी भी पूरी तरह खत्म नहीं हुई हैं। इसके बाद ट्रम्प ने मीडिया कवरेज पर हमला तेज कर दिया।










